तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी

हाथ फैलाये मांग रहा है तेरे दर पे जोगी,
तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी
ना मैं मांगू सोना चांदी ना हीरे मोती,
तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी

देखा है इस दर पे मैंने जो भी सिर को झुकाते है,
साई के दरबार में अपनी किस्मत को चमकाते है,
आता है हर हाल में रोगी जाते है बेरोगी,
तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी

मेरा साई राम यह को बस ये शिक्षा देता है,
मात पिता की सेवा करलो हर मजहब ये कहता है,
जो न करता सेवा इनकी बुकते है वो जो भी,
तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी

साई के दीवाने है हम साई के कहलाये गे,
साई की हम माला जपे गे साई के गुण गायेगे,
साई मेरा दीं धर्म है साई के हम योगी,
तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी

मेरी अखियां में साई है मन मंदिर में साई है,
सारी दुनिया कहती हुई साई के दर पे आई है,
साई के दीवानो पर तो साई की किरपा होगी,
तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी

साई के हम भक्त है लोगो उनकी शरण में रहते है,
साई की चाहत में हम तो दीपक बन कर चलते है,
साई की किरपा है हम पर आंधी क्या कर लोगी,
तेरे दर पे आया जोगी तेरे दर पे आया जोगी
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