गम की कोई बदली अगर छा जाए

गम की कोई बदली अगर छा जाए श्याम आ जाते है.
बोले चन मन को अगर कोई तड़पाये श्याम आ जाते है ,
गम की कोई बदली अगर छा जाए श्याम आ जाते है.

जब राहो पर मन गबराये मंजिल कोई मिल नहीं पाए,
ऊँगली पकड़ मंजिल फलक तक ले जाए,
श्याम आ जाते है.

जब जब श्याम को याद किया है तब तब श्याम ने साथ दिया है,
संग मैं मेरा बाबा सदा मुस्काये,
श्याम आ जाते है.

हर पल श्याम की रहती है किरपा संकट आने से भी डरता,
फिर भी अगर मुश्किल कोई आ जाए,
श्याम आ जाते है.