दरबार से बाबा श्याम के खाली ना कोई जाता

दरबार से बाबा श्याम के खाली ना कोई जाता
जिसको भी देखो वो झोली भर भर कर ले जाता
बोलो श्याम श्याम जी बोलो श्याम श्याम जी

खाटू मे बेठा बाबा बिगड़ी बनाता
खाली हाथ किसी क़ो वापस ना पहुचता
इस की क्रपा मै तुम्हे क्या बताऊ
पूछो उनसे जिस क़ो श्याम ने संवारा
बोलो श्याम श्याम जी बोलो श्याम श्याम जी

कलयुग का देव है ये बड़ा ही निराला
दरबार जो गया इस के इसने उसक़ो संभाला
खाटू का राजा मेरा श्याम बाबा
हर दुःख दूर करे ये खाटू वाला
बोलो श्याम श्याम जी बोलो श्याम श्याम जी

जो चाहे दरबार से मिलता ऐसा लखदार है
प्रशांत कहे बाबा तू हम सब का सरकार है
खाटू का श्याम बाबा सहारा बना है
हर सुख दुःख मै बाबा साथ खड़ा है
बोलो श्याम श्याम जी .............